उत्तराखंडधार्मिक

Rudraprayag Gurudwara: क्या है रुद्रप्रयाग-कर्णप्रयाग का गुरुद्वारा मामला?

Rudraprayag Gurudwara: रुद्रप्रयाग जिले के नगरासू स्थित गुरुद्वारे में निहंग सिखों ने तीसरे दिन भी डेरा जारी रखा है। पूरे इलाके में संवेदनशील स्थिति बनी हुई है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी इस मामले को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने और किसी भी तरह के गतिरोध को समाप्त करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं।

मौके पर सुरक्षा के इंतजाम (Rudraprayag Gurudwara)

प्रशासनिक टीम विभिन्न पक्षों के साथ बातचीत कर रही है। जिससे बीच का रास्ता निकले और कानून व्यवस्था को सही बनाए रखने के लिए लगातार बैठकर की जा रही है। अतिरिक्त सुरक्षा के लिए मौके पर सुरक्षा बल के इंतजाम भी किए गए हैं।

यह भी पढ़ें: Haridwar Politics: हरिद्वार विधानसभा सीट पर घटी मतदान की संख्या चिंताजनक विषय

एक सेवादार को किया रहा

शनिवार की दोपहर से 7 से 8 निहंग गुरूद्वारे में डेरा बनाए बैठे हैं। जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल हो गया है। प्रशासन और निहंगों के बीच कई दौर की वार्ता भी हो चुकी है। लेकिन, इसका कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। हालाँकि, थोड़ी सफलता हासिल हुई क्योंकि रविवार को निहंगों ने बंधक बनाए हुए एक सेवादार को रिहा कर दिया था।

क्या है पूरा मामला? (Rudraprayag Gurudwara News)

दरअसल। बीते 16 जून को कर्णप्रयाग में पार्किंग को लेकर स्थानीय निवासियों और निहंगों के बीच विवाद हो गया था। मामला इतना बढ़ गया की निहंगों ने तलवारों से स्थानीय लोगों पर हमला किया। जिसमें चार लोग घायल हो गए थे। निहंगों ने आरोप लगाया है कि इस मामले में स्थानीय गुरुद्वारा प्रबंधन की तरफ से कोई आपत्ति दर्ज नहीं कराई गई। जिससे वह बहुत हताहत है। इसी के कारण शनिवार दोपहर 7 से 8 निहंग गुरुद्वारा पहुंचे और सेवादारों से हाथापाई के बाद छत पर चढ़कर तलवार लहराने लगे। सुरक्षाबलों ने स्थिति की गंभीरता का जायजा लेते हुए पूरे क्षेत्र को छावनी में बदल दिया है।

यह भी पढ़ें: Khatima: क्या खटीमा बन रहा है नशे का हॉटस्पॉट? RTI के आंकड़े चौंकाने वाले

गिरफ्तार निहंगों को रिहा करने की मांग

निहंग कर्णप्रयाग (karnprayag nihang mamla) की घटना के बाद गिरफ्तार किए गए निहंगों को रिहा करने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी भी दी है कि अगर मांगे नहीं मानी जाएगी तो देश भर से बड़ी संख्या में निहंग उत्तराखंड आ सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow us on Social Media