Haridwar: सड़क मरम्मत में देरी पर DM नाराज, ठेकेदार को लगाई फटकार

Haridwar: भूपतवाला और सप्तसरोवर क्षेत्र में सीवरेज कार्य के लिए खोदी गई सड़कों की धीमी मरम्मत को लेकर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने नाराजगी जताई है। बुधवार को स्थलीय निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित कॉन्ट्रैक्टर को कड़ी फटकार लगाते हुए सड़क मरम्मत का काम एक सप्ताह के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए।
सीवरेज के बाद धीमी सड़क मरम्मत पर DM नाराज (Haridwar)
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बुधवार को भूपतवाला के पुराना एआरटीओ चौक, सप्तऋषि मार्ग और आसपास के क्षेत्रों का संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सीवरेज कार्य के लिए खोदी गई सड़कों और सीवरेज कार्य पूरा होने के बाद चल रहे सड़क मरम्मत एवं पुनर्स्थापना कार्य की स्थिति देखी।
निरीक्षण में कई स्थानों पर सड़कें क्षतिग्रस्त और गड्ढों से प्रभावित मिलीं। इससे स्थानीय लोगों, व्यापारियों, वाहन चालकों और श्रद्धालुओं को आवागमन में परेशानी हो रही है। इस पर DM ने संबंधित कॉन्ट्रैक्टर को फटकार लगाते हुए काम में तेजी लाने के निर्देश दिए।
एक सप्ताह में सड़क मरम्मत पूरी करने के निर्देश
जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सीवरेज कार्य के कारण क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मत और पुनर्स्थापना का काम एक सप्ताह के भीतर पूरा कराया जाए। साथ ही काम की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
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क्षेत्र में क्षतिग्रस्त सीवर चैंबरों को भी प्राथमिकता के आधार पर तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि आवागमन में परेशानी और दुर्घटना की आशंका को कम किया जा सके।
15 अक्टूबर तक हरिद्वार की क्षतिग्रस्त सड़कें होंगी गड्ढामुक्त
DM ने लोक निर्माण विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिकारियों को उनके अधीन आने वाली सभी क्षतिग्रस्त सड़कों का निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत कराने के निर्देश दिए। अधिकारियों को 15 अक्टूबर 2026 तक सभी संबंधित सड़कों को गड्ढामुक्त करने का लक्ष्य दिया गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि सड़क मरम्मत केवल औपचारिकता के तौर पर न हो, बल्कि गुणवत्ता के साथ कराई जाए ताकि सड़कें लंबे समय तक सुरक्षित और बेहतर स्थिति में रहें।
पेयजल और बिजली व्यवस्था भी दुरुस्त करने के निर्देश
सीवरेज कार्य के दौरान क्षतिग्रस्त हुई पेयजल लाइनों को चिह्नित कर एक सप्ताह के भीतर दुरुस्त कराने के निर्देश जल संस्थान को दिए गए हैं। DM ने कहा कि पेयजल आपूर्ति बाधित नहीं होनी चाहिए।
वहीं विद्युत विभाग को बिजली के पोलों से अनधिकृत होर्डिंग, पोस्टर और बैनर हटाने के निर्देश दिए गए। सड़क किनारे लगे विद्युत बॉक्स और अव्यवस्थित या क्षतिग्रस्त तारों को भी ठीक करने को कहा गया है।
सफाई और नालों की व्यवस्था सुधारने के निर्देश (Haridwar News)
नगर निगम के अधिकारियों को भूपतवाला और सप्तसरोवर क्षेत्र में सफाई व्यवस्था बेहतर करने तथा नालों की नियमित सफाई कराने के निर्देश दिए गए हैं। सड़क किनारे और आसपास के क्षेत्रों में विशेष सफाई व्यवस्था रखने को कहा गया, ताकि जलभराव और गंदगी जैसी समस्याएं न हों।
श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण है भूपतवाला-सप्तसरोवर क्षेत्र
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समयसीमा में काम पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भूपतवाला और सप्तसरोवर हरिद्वार आने वाले श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं। ऐसे में यहां सड़क, सीवरेज, पेयजल, बिजली और सफाई से जुड़ी व्यवस्थाओं को बेहतर रखना जरूरी है।
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त नंदन कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट हर गिरी, परियोजना प्रबंधक गंगा डिवीजन उत्तराखंड पेयजल निगम मीनाक्षी मित्तल, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग योगेश कुमार, अधिशासी अभियंता जल संस्थान विपिन चौहान, विद्युत विभाग के अधिकारी दीपक सैनी समेत संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
